HomeInspirationऐ श्याम तेरी बंसी मुझे घायल करती है ऐ श्याम तेरी बंसी मुझे घायल करती है DwarkaParichay.com August 24, 2016 Inspiration, Update ऐ श्याम तेरी बंसी मुझे घायल करती है , मुस्कान तेरी मीठी मुझे कायल करती है । यह सोने की होती तो, ना जाने क्या होता , जब बाँस की होकर इतना इतराती हैँ । तुम गोरे होते तो, ना जाने क्या होता, जब तेरी सांवली सुरत पर दुनिया दीवानी है । तुम सीधे होते तो ना जाने, क्या होता, जब तेरी बांकी चाल पर दुनिया मरती है । कभी रास रचाते हो, कभी बंसी बजाते हो, कभी माखन खाने की भी मन में आ जाती है | ऐ श्याम तेरी बंसी मुझे घायल करती है, मुस्कान तेरी मीठी मुझे कायल करती है । – मधुरिता Related Posts The students showcased their perceptions about “Swachh Bharat” through their creativity over canvas. Happy Birthday- Kirti Bandenwal Cabinet gives approval for submitting 2017 U-17 WC bid रजत जयंती स्थापना वर्ष का भव्य आयोजन Coverage of book in Pioneer-National English daily newspaper. एन यू जे-आई के स्वर्ण जयंती वर्ष में होंगे साल भर आयोजन Bhagat Hospital held a Public meeting on Disaster Management डीएमके प्रमुख एम. करुणानिधि को लेखकों की और से भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई Invitation from RSS घायल वंन्स अगेन का वल्र्ड प्रीमियर से खुश सनी देओल ‘The Dirty Picture’ releases in 1066 UFO digital theatres in Hindi, Telugu and Tamil टीबी के प्रति जागरूकता पर आधारित है दो कहानियां: गुलशन सचदेवा World Peace Campaign मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने उद्यमियों और निर्यातकों को सम्मानित किया Present Locked down position of Delhi बच्चन साहब के साथ स्क्रीन शेयर करना चाहता हूं : भूपेन्द्र सिंह ‘Lakshman Rekha’ – A Contemporary dance and Physical Theatre Production on 7th October INTERNATIONAL WOMEN’S DAY CELEBRATED BY ANHLGT एमसीडी के ट्रकों के लिए तरपैल की व्यवस्था करें ! दूसरे आयुर्वेद दिवस पर हर्षोल्लास से मनाई भगवान धन्वन्तरि की जयंती