Category: Inspiration

आत्मज्ञान

वासुदेव शर्मा   पंडित लोग (बुद्धिमान) न मरों का शोक करते हैं, न जीवितों का | इस देह में बचपन (लड़कपन), जवानी, बुढ़ापा ये अवस्था होती हैं, तैसे ही …

श्रृद्धांजली

स्वर्गीय श्री राजेन्द्र सिंह डोगरा उठाला-पगड़ी रस्म पर श्रृद्धांजली प्रेम बिहारी मिश्र   pbmishra.bsf@gmail.com हमें विलखता छोड़ जगत में, भाई राजेन्द्र जुदा हो गए  वो परम पिता का रूप …

गांधीजी की प्रासंगिकता

प्रो.  उर्मिला परवाल  उज्जैन (म.प्र.) urmiporwal@gmail.com 2 अक्टूबर हर साल आता है और चला जाता है, प्रतिवर्ष इस दिन राष्ट्रपिता को याद करने की रस्म भी अदा की जाती है। लेकिन वर्तमान …

Poem for Condolence

वक्त पड़ने पर तेरे करीबी ही शरीक होते हैं. “खुशियों में अनजाने भी शरीक होते हैंलेकिन दुःख की घडी में आपके अपने ही करीब होते हैं”यूँ तो दुनिया है …

आह्वान

प्रेम बिहारी मिश्र  देव देश की देख दुर्दशा, आँखमेरीभर आई रे मेरी भारत माँ की हालत, ऐसी किसने बनाई रे गीता भूली राम विसारे, वेदों पे धूल चढ़ाई रे …

पतिव्रत धर्म

वासुदेव शर्मा    द्वारका, नई दिल्ली सावित्री- सत्यवान हिन्दुस्तान एक महान और विचित्र देश है तथा इस पवित्र धरा पर एक-से-एक वीर का जन्म हुआ है तो दूसरी ओर एक-से-एक …

क्रोध अपना पराया

मधुरिता  जब इंसान अपनी विवेक शक्ति खो बैठता है तो वह क्रोधित कहलाता है. उस समय वह बिना बात पे झगडा करता है, उलटी सीधी बातें बोलता है. उसका व्यवहार दैत्य …

राधे राधे राधे !!!

मधुरिता  राधे शब्द अपने आप में आनंद प्रदान करने वाला है अर्थात जिसने राग व द्वेष को दूर कर लिया वही इस रस की अनुभूति कर सकता है ।राधे …